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शनिवार, 18 जुलाई 2026

मंडला: बिनैका पंचायत में 4.93 लाख की वित्तीय अनियमितता सिद्ध, वसूली के आदेश


मंडला: बिनैका पंचायत में 4.93 लाख की वित्तीय अनियमितता सिद्ध, वसूली के आदेश

Mandla Breaking: बिनैका पंचायत में वित्तीय अनियमितता सिद्ध, 15 दिन में राशि जमा करने के आदेश


मध्य प्रदेश के मंडला जिले की बिनैका ग्राम पंचायत में वित्तीय अनियमितताओं के मामले में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी के न्यायालय ने महत्वपूर्ण निर्णय सुनाया है। न्यायालय ने जांच में सामने आई अनियमितताओं को गंभीर मानते हुए तत्कालीन सरपंच श्रीमती अनुसुईया तथा सचिव श्री विपिन पटैल को जिम्मेदार ठहराया है।

न्यायालय ने मध्यप्रदेश पंचायत राज एवं ग्राम स्वराज अधिनियम, 1993 की धारा 92 के तहत दोनों के विरुद्ध कुल 4 लाख 93 हजार 942 रुपये की वसूली के आदेश जारी किए हैं। आदेश के अनुसार दोनों को समान रूप से 2 लाख 46 हजार 971 रुपये जमा करने होंगे।


क्या है पूरा मामला?

यह मामला ग्राम बिनैका निवासी विजय चौरसिया द्वारा की गई शिकायत के बाद सामने आया। शिकायत के आधार पर जनपद पंचायत स्तर पर जांच कराई गई, जिसमें पंचायत के वित्तीय एवं प्रशासनिक कार्यों में कई अनियमितताएं दर्ज की गईं।

जांच रिपोर्ट के अनुसार ग्रामसभा और पंचायत बैठकों में आय-व्यय का नियमित अनुमोदन नहीं कराया गया। इसके अलावा नल-जल योजना सहित विभिन्न विकास कार्यों में वित्तीय नियमों का पालन नहीं किए जाने की बात भी सामने आई।

निर्णय में यह भी उल्लेख किया गया कि नल-जल योजना के तहत प्राप्त जलकर की राशि का एक हिस्सा बैंक खाते में जमा करने के बजाय सीधे नगद खर्च किया गया। पाइपलाइन मरम्मत एवं विस्तार कार्यों में मूल्यांकन से अधिक भुगतान किए जाने, मोटर पम्प सुधार तथा पम्प हाउस संधारण पर आवश्यक अनुमोदन के बिना व्यय करने और संबंधित अभिलेख प्रस्तुत नहीं करने को भी गंभीर वित्तीय अनियमितता माना गया।


नाडेप संरचना को लेकर भी टिप्पणी

न्यायालय ने अपने आदेश में यह भी माना कि स्वच्छ भारत अभियान के अंतर्गत निर्मित नाडेप संरचना को नष्ट होने देना शासकीय धन का अपव्यय है। इस मामले की जिम्मेदारी भी तत्कालीन सरपंच और सचिव पर निर्धारित की गई है।


15 दिन में राशि जमा करने के निर्देश

आदेश के अनुसार दोनों आरोपितों को 15 दिनों के भीतर निर्धारित राशि जिला पंचायत के शासकीय कोष में जमा कर उसकी रसीद न्यायालय में प्रस्तुत करनी होगी।

यदि निर्धारित अवधि में राशि जमा नहीं की जाती है, तो मध्यप्रदेश पंचायत राज एवं ग्राम स्वराज अधिनियम की धारा 92 के अंतर्गत 30 दिन के सिविल कारावास की कार्रवाई की जा सकती है।


सरपंच और सचिव पर अलग-अलग कार्रवाई के निर्देश

न्यायालय ने तत्कालीन सरपंच श्रीमती अनुसुईया के विरुद्ध मध्यप्रदेश पंचायत राज एवं ग्राम स्वराज अधिनियम की धारा 40 के तहत पृथक प्रकरण दर्ज करने के निर्देश भी दिए हैं।

वहीं तत्कालीन सचिव श्री विपिन पटैल के विरुद्ध मध्यप्रदेश पंचायत सेवा (अनुशासन तथा अपील) नियम, 1999 के तहत विभागीय अनुशासनात्मक कार्रवाई प्रारंभ करने का आदेश जारी किया गया है।


न्यायालय का आदेश कब हुआ?

मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत मंडला के न्यायालय द्वारा यह आदेश 29 जून 2026 को पारित किया गया। यह जानकारी 18 जुलाई 2026 को सार्वजनिक हुई।


मुख्य तथ्य

  • जिला : मंडला
  • ग्राम पंचायत : बिनैका
  • शिकायतकर्ता : विजय चौरसिया
  • कुल वसूली राशि : ₹4,93,942
  • प्रत्येक पर देय राशि : ₹2,46,971
  • कानून : मध्यप्रदेश पंचायत राज एवं ग्राम स्वराज अधिनियम, 1993
  • धारा : 92 एवं 40
  • सचिव पर कार्रवाई : मध्यप्रदेश पंचायत सेवा (अनुशासन तथा अपील) नियम, 1999
  • आदेश की तिथि : 29 जून 2026
  • राशि जमा करने की समय सीमा : 15 दिन

किस पर पड़ेगा असर?

यह निर्णय ग्राम पंचायतों में वित्तीय जवाबदेही और सरकारी धन के उपयोग से जुड़े मामलों में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आदेश के अनुसार संबंधित सरपंच और सचिव को निर्धारित समय में राशि जमा करनी होगी। साथ ही उनके विरुद्ध अधिनियम एवं सेवा नियमों के तहत आगे की कार्रवाई भी की जाएगी।


महत्वपूर्ण जानकारी

न्यायालय ने अपने आदेश में वित्तीय अनियमितताओं, अभिलेखों की कमी, बिना अनुमोदन व्यय तथा नल-जल योजना से जुड़े वित्तीय प्रबंधन को कार्रवाई का आधार माना है। आदेश में 15 दिनों के भीतर राशि जमा करने के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं।


निष्कर्ष

मंडला जिले की बिनैका ग्राम पंचायत से जुड़ा यह मामला पंचायत स्तर पर वित्तीय जवाबदेही से संबंधित महत्वपूर्ण निर्णय के रूप में सामने आया है। जिला पंचायत न्यायालय ने जांच के आधार पर वसूली के आदेश जारी किए हैं। साथ ही संबंधित प्रकरणों में वैधानिक और विभागीय कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए हैं। यह मामला पंचायत प्रशासन में वित्तीय नियमों के पालन के महत्व को रेखांकित करता है।

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